
खाद्य हानि और भोजन बर्बादी के प्रति अंतरराष्ट्रीय जागरूकता दिवस पर 1 लाख लोगों को शपथ दिलाने का लिया संकल्प
टहरौली (झांसी): खाद्य हानि और भोजन बर्बादी के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से 29 सितंबर को मनाए गए अंतरराष्ट्रीय जागरूकता दिवस पर लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चलाया गया। डॉ. रमेश सिंह एवं प्राकृतिक संसाधन संरक्षण समिति के अध्यक्ष आशीष उपाध्याय द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान में लोगों को भोजन की बर्बादी रोकने का संकल्प दिलाया जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान लोगों को बताया गया कि दुनिया में कुपोषण और भुखमरी की स्थिति कितनी गंभीर है। एक रिपोर्ट के अनुसार, हर वर्ष लगभग 90 लाख लोग, प्रतिदिन 25 हजार लोग और प्रति मिनट 11 लोग कुपोषण और भुखमरी के कारण अपनी जान गंवा देते हैं। विशेष रूप से 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चे इसका सबसे अधिक शिकार होते हैं। इस जागरूकता अभियान के अंतर्गत विभिन्न स्थानों पर जाकर बच्चों और नागरिकों को शपथ दिलाई जा रही है कि वे अपनी थाली में उतना ही भोजन लेंगे, जितनी उन्हें आवश्यकता है, और भोजन का एक भी दाना व्यर्थ नहीं करेंगे। इस अवसर पर “उतना ही लो थाली में – व्यर्थ न जाये नाली में” जैसे प्रभावी नारे भी लगाए गए। सामाजिक कार्यकर्ता आशीष उपाध्याय ने बताया कि उनका लक्ष्य है कि इस अभियान के माध्यम से 1 लाख लोगों को भोजन बर्बादी के प्रति जागरूक कर शपथ दिलाई जाए। इसी क्रम में इक्रिसैट द्वारा जल संरक्षण कार्यों का अवलोकन करने महाराष्ट्र से आए जागरूक किसानों को भी यह शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में गोविंद प्रतीक, डॉ. अशोक शुक्ला, जनक पटेल, शैलेन्द्र सोनी, मोनू बुंदेला, जितेन्द्र उपाध्याय, मोहित पटेल सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। रिपोर्ट – ओमप्रकाश उदैनियां