
घटतौली कर मुनाफ़ा कमा रहे व्यापारियों को किसी भी दशा में बख्शा नहीं जाएगा, होगी विधिक कार्रवाही
झांसी | जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने आगामी आने वाले त्यौहारों में घटतौली के माध्यम से मुनाफा कमा रहे किराना/मिष्ठान एवं अन्य दुकानदारों पर कार्यवाही किए जाने हेतु विभाग को निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि उपभोक्ता हित संरक्षण हेतु यह आवश्यक है कि व्यापारीगण द्वारा अपने प्रतिष्ठान एवं दुकानों में विधिक माप विज्ञान विभाग से सत्यापित एवं मुद्रांकित बांट-माप एवं माप तौल उपकरणों का प्रयोग किया जाए ताकि उपभोक्ताओं को सामान सही वजन / मात्रा में मिलें, उन्हें घटतौली का सामना न करना पड़े। जिलाधिकारी ने आशंका व्यक्त करते हुए कहा कि त्यौहारों के दृष्टिगत घटतौली के प्रकरण की संभावना अधिक होती हैं,जिस कारण उपभोक्ताओं को पर्याप्त धनराशि देने के बाद भी उचित मात्रा में सामान नहीं मिलता है। इसको रोकने के लिए विभाग द्वारा क्षेत्र में अभियान चलाते हुए अधिक से अधिक मिठाइयों की दुकानों एवं अन्य प्रतिष्ठानों पर छापामार कार्यवाही करते हुए घट तौली को रोका जाए ताकि उपभोक्ताओं को सही मात्रा में सामान मिल सके। जिलाधिकारी के निर्देशों के क्रम में तहसील मोंठ कस्बे में 13 प्रतिष्ठानों का वरिष्ठ निरीक्षक विधिक माप विज्ञान (बाँट-माप) श्री दयाचंद्र गुप्ता ने घटतौली रोकने के लिए दुकानों पर टीम सहित छापामार कार्यवाही। उन्होंने बताया कि यह अभियान निरंतर इसी गति के साथ जारी रहेगा और जनपद के सुदूर क्षेत्रों में भी घटतौली रोकने के लिए अभियान को चलाते हुए लगातार कार्यवाही जाएगी। इस प्रकार कुल सभी 13 तेरह प्रतिष्ठानों का चालान करते हुए विधिक कार्रवाई प्रचलित की जा रही है। तहसील मोंठ मैं विभिन्न प्रतिष्ठानों की जांच के दौरान वरिष्ठ निरीक्षक, विधिक माप विज्ञान द्वारा अवगत कराया गया है कि विधिक माप विज्ञान (बांट माप) विभाग में सत्यापन मुद्रांकन शुल्क जमा किये जाने के बाद व्यापारियों/दुकानदारों के बांट-माप एवं माप तौल उपकरणों पर सत्यापन मुद्रांकन कार्य संपादित किया जाता है। व्यापारीगण द्वारा संव्यवहार एवं संरक्षा के लिए उपयोग किया जा रहे बांट माप एवं माप तौल उपकरणों का उपयोग में लाने से पूर्व विधिक माप विज्ञान विभाग में नियमानुसार सत्यापन मुद्रांकन शुल्क जमा करके अपने बांट माप एवं माप तौल उपकरणों पर सत्यापन एवं मुद्रांकन कार्य कराना अनिवार्य है। अतः सभी व्यापारीगण से अनुरोध है कि वह अपने व्यापारिक प्रतिष्ठान में प्रयुक्त बांट माप एवं माप तौल उपकरणों पर विधिक माप विज्ञान विभाग में फीस जमा करके उनको सत्यापित एवं मुद्रांकित करा लें। व्यापारिक प्रतिष्ठान एवं दुकान में बिना सत्यापन एवं मुद्रांकन के बांट माप एवं माप तौल उपकरणों का प्रयोग किया जाना विधिक माप विज्ञान अधिनियम 2009 के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध है। उन्होंने उन्होंने कहा कि यह भी अवगत कराना है कि बिना सत्यापन एवं मुद्रांकन के बांट माप एवं माप तौल उपकरणों का प्रयोग किया जाना विधिक माप विज्ञान अधिनियम 2009 एवं प्रवर्तन नियमावली 2011 के संगत धारा/नियम के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध है तथा बाजारों में निरीक्षण एवं जॉच के समय बिना सत्यापन एवं मुद्रांकन के बांट माप एवं माप तौल उपकरण मिलने पर संबंधित के विरूद्ध विधिक माप विज्ञान अधिनियम 2009 एवं प्रवर्तन नियमावली 2011 के सुसंगत धारा/नियम के अन्तर्गत वैद्यानिक कार्यवाही की जाएगी। इस दौरान विभिन्न प्रतिष्ठानों के प्रोपराइटर एवं विभागीय कर्मचारी उपस्थित रहे।