दीन दुखियों की निःस्वार्थ सेवा करने वाले डा आशुतोष श्रीवास्तव हुए लखनऊ में सम्मानित

दीन दुखियों की निःस्वार्थ सेवा करने वाले डा आशुतोष श्रीवास्तव हुए लखनऊ में सम्मानित

Written by Prem Prakash Agarwal 2024-10-03 News
डी पी गुप्ता सुलतानपुर। जिले की प्रसिद्ध समाजसेवी संस्था अंकुरण फाउंडेशन के डाक्टर आशुतोष श्रीवास्तव को उनके द्वारा 77 वीं बार रक्तदान करने पर राज्य रक्त संचरण परिषद ने राजधानी लखनऊ में आयोजित हुए एक कार्यक्रम में सम्मानित किया। सोशल मीडिया के माध्यम से जब यह समाचार आम लोगों तक पहुंचा तो सैकड़ों लोगों ने डाक्टर आशुतोष श्रीवास्तव को बधाई दी। विदित हो कि दो दिसंबर 1977 को सुल्तानपुर में जन्में डाक्टर आशुतोष श्रीवास्तव के माता-पिता स्वर्गीय सतीश चन्द्र श्रीवास्तव व श्रीमती उषा श्रीवास्तव हैं, जिनका शिक्षा के क्षेत्र से गहरा नाता रहा। डाक्टर आशुतोष की प्रारंभिक शिक्षा दीक्षा शिशु मंदिर विद्या मंदिर में हुई। बाद में इन्होंने दयानंद आयुर्वेदिक मेडिकल कालेज सीवान बिहार से बीएएमएस की डिग्री‌ हासिल किया। अपनी दादी व सुविख्यात समाजसेवी करतार केशव यादव, संजय सिंह आप को अपना प्रेरणा स्रोत मानते हुए इन्होंने अपना पहला रक्तदान 1994 में मात्र 17 वर्ष की आयु में किया था । लंबे समय तक आजाद सेवा समिति से जुड़ कर सेवा कार्य करते हुए डाक्टर आशुतोष श्रीवास्तव ने 2008 से 2017 तक घर सुलतानपुर संस्था के बतौर अध्यक्ष बन समाजसेवा के कार्यों को बढ़-चढ़कर करते रहे। सन् 2017 में अंकुरण फाउंडेशन की स्थापना के साथ डाक्टर आशुतोष श्रीवास्तव की अगुवाई में इसके पदाधिकारी व सहयोगी सामाजिक सेवा के कार्य को और अधिक बढ़-चढ़कर करते चले आ रहे हैं। अंकुरण फाउंडेशन द्वारा अब तक 35 रक्तदान शिविर आयोजित किया जा चुका है जिसके तहत 1650 यूनिट ब्लड डोनेशन हो चुका है। यहां उल्लेखनीय है कि अंकुरण फाउंडेशन ने दिनांक 5 अप्रैल 2019 को एक दिन में 600 यूनिट का रक्तदान करवा कर पूरे उ प्र में एक अजेय रिकार्ड स्थापित कर चुका है। अबतक 56 लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार करने व विभिन्न जनपदों के 26 अर्ध विक्षिप्त लोगों की देखभाल करके उनके परिजनों को ढूंढ कर संस्था द्वारा उनको सौंपा जा चुका है। इसी के साथ अंकुरण फाउंडेशन कपड़ा बैंक की स्थापना कर जरूरतमंदों को निरंतर कपड़ा वितरित करती चली आ रही है। बुक बैंक के माध्यम से बच्चों को क़िताबें उपलब्ध कराई जा रही है। हर वर्ष गर्मियों के दिनों में जगह जगह निःशुल्क प्याऊ स्थापित करने के साथ साथ ऐतिहासिक दुर्गापूजा महोत्सव में प्रति वर्ष मेडिकल कैंप लगाया जा रहा है। इसी के साथ हर वर्ष बारह वफात‌ में फल वितरण व प्रकाश पर्व में मिष्टान्न व शर्बत वितरण किया जाता रहा है। कोविड काल के दौरान संस्था‌ द्वारा लगभग 1900 परिवारों के बीच कच्चा राशन वितरित किया गया था । इसी के साथ उस दौरान महामारी के चलते मृतक हुए गरीब लोगों के बच्चों को अंकुरण फाउंडेशन ने गोद लेकर उनकी पढ़ाई लिखाई संबंधित सभी जरूरत को लगातार पूरा करते हुए उनकी शिक्षा को बाधित नहीं होने दिया।