प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) का सर्वे होने जा रहा शुरू, क्या होगी पात्रताएं दी जानकारी

प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) का सर्वे होने जा रहा शुरू, क्या होगी पात्रताएं दी जानकारी

Written by Prem Prakash Agarwal 2024-09-08 News
झाँसी। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के अन्तर्गत आवास प्लास 2018 की सूची में पात्र लाभार्थियों का नाम जोड़े जाने के सम्बन्ध में जनपद की समस्त तहसीलों में कैंप आयोजित किए गए। तहसील टहरौली प्रांगण में लगाए गए कैम्प का औचक निरीक्षण करते हुए जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री योजना (ग्रामीण) का सर्वे होने जा रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना -ग्रामीण के अन्तर्गत आवास प्लस 2018 की सूची में पात्र लाभार्थियों का नाम जोड़े जाने के सम्बन्ध में शासन के पत्र के द्वारा विस्तृत दिशा-निर्देश निर्गत किया गया है। उन्होंने बताया गया कि प्रधानमंत्री आवास ग्रामीण का सर्वे पूर्णतः निःशुल्क है, अगर इसके लिए किसी के द्वारा पैसा मांगे जाने की शिकायत पायी जाती है तो सम्बन्धित के विरूद्ध कठोर व विधिक कार्यवाही की जायेगी। तहसील टहरौली में लगाए गए कैम्प में जिलाधिकारी ने बताया कि योजनान्तर्गत पात्र एवं अपात्र लाभार्थियों का चयन करने विषयक मानक निर्धारित किये गये है जो निम्नवत् है- पात्रता का मानक-पात्र लाभार्थी-ग्रामीण परिवारों के सभी आवास विहीन परिवार एवं शून्य, एक या दो कमरों के कच्ची दीवार और कच्ची छतयुक्त मकानों में रहने वाले परिवार को शामिल किया जायेगा। पात्र लाभार्थियों के स्वतः अन्तर्वेशन के लिए मानक-आश्रय विहीन परिवार, बेसहारा/भीख मांग कर जीवन यापन करने वाले, हाथ से मैला ढ़ोने वाले, आदिम जनजातीय समूह, वैधानिक रूप से मुक्त कराए गये बंधुआ मजदूर। अपात्रता का मानक-मोटर युक्त तिपहिया/चौपहिया वाहन हो, यन्त्रीकृत तीन/चौपहिया कृषि उपकरण हो, रू0 50000 अथवा इससे अधिक ऋण सीमा वाला किसान क्रेडिट कार्ड हो, आवेदनकर्ता/परिवार का कोई सदस्य सरकारी कर्मचारी हो। आवेदनकर्ता/परिवार का कोई सदस्य गैर कृषि उद्यम में सरकार के साथ पंजीकृत हो। आवेदनकर्ता/परिवार का कोई सदस्य रू0 15000 प्रतिमाह से अधिक कमा रहा हो। आयकर देने वाला परिवार, व्यवसाय कर देने वाला परिवार, वो परिवार जिनके पास 2.5 एकड़ या इससे अधिक सिंचित भूमि हो। वो परिवार जिनके पास 05 एकड़ या इससे अधिक असिंचित भूमि हो। पूर्व में दो पहिया वाहन के लाभार्थी, 7.5 एकड़ असिंचित जमीन वाले लाभार्थी, मछली पकड़ने के लिये नाव रखने वाले लाभार्थी तथा जिस परिवार का सदस्य 10000 प्रतिमाह से अधिक कमाने वाले है। उन लाभार्थी को अपात्र किया जाना निर्धारित किया गया था, जिसका मानक वर्तमान में उपरोक्तानुसार परिवर्तित हुआ है। इस मौके पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजेश एस,उपजिला अधिकारी ठहरौली अजय यादव, खण्ड विकास अधिकारी गुरसराय एवं बंगरा सहित अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।